
भारतीय रेलवे द्वारा रेल संरक्षा एवं आधारभूत ढांचे के सुदृढ़ीकरण की दिशा में निरंतर अग्रसर विभिन्न विकासात्मक एवं संरक्षा संबंधी कार्य किए जा रहे हैं। दिनांक 07.01.2026 को महाप्रबंधक पश्चिम एवं मध्य रेलवे श्री विवेक कुमार गुप्ता ने वरिष्ठ रेल अधिकारियों के साथ साबरमती–कलोल–महेसाणा–पालनपुर रेल खंड का विस्तृत निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान साबरमती से पालनपुर के बीच रेलवे ट्रैक, लेवल क्रॉसिंग, छोटे एवं प्रमुख पुलों, पॉइंट्स एवं क्रॉसिंग, सेक्शन कर्व्स तथा विभिन्न संरक्षा मानकों की गहन समीक्षा की गई। इस अवसर पर संबंधित अधिकारियों के साथ संरक्षा से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा भी की गई। कलोल, महेसाणा एवं पालनपुर स्टेशनों पर उपलब्ध यात्री सुविधाओं का विस्तृत जायजा लिया गया। साथ ही मास्टर केबिन, बुकिंग काउंटर, फुट ओवर ब्रिज, प्लेटफॉर्म, वेटिंग रूम सहित विभिन्न आधारभूत संरचना कार्यों का निरीक्षण किया गया।
साबरमती–कलोल खंड के बीच स्थित लेवल क्रॉसिंग संख्या 240 (SPL) का गहन निरीक्षण किया। इसके अतिरिक्त कलोल रेलवे स्टेशन पर अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत प्रगति पर चल रहे पुनर्विकास कार्यों का भी जायजा लिया गया।
डांगरवा स्टेशन यार्ड में पॉइंट्स संख्या 107 (किमी 743/294) तथा कर्व संख्या 116 की संरक्षा जांच की गई। साथ ही प्रमुख पुल संख्या 965 DN (कॉम्पोज़िट गर्डर) का निरीक्षण किया गया। खारी नदी पर स्थित मेजर ब्रिज संख्या 965 (किमी 719/28-8) तथा पी-वे गैंग संख्या 13 एवं 14 का निरीक्षण किया गया। इस दौरान महाप्रबंधक ने गैंगमैनों से संवाद कर कार्य के दौरान उपयोग किए जा रहे सेफ्टी उपकरणों- जैसे सेफ्टी शूज, जैकेट एवं अन्य संसाधनों की उपलब्धता एवं समय पर आपूर्ति की जानकारी ली।
अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत महेसाणा स्टेशन पर चल रहे पुनर्विकास कार्यों का निरीक्षण किया गया। साथ ही आरपीएफ पोस्ट, आरआरआई रूम, टीआरडी डिपो, एसएसपी कार्यालय, रेलवे हेल्थ यूनिट तथा रेलवे कॉलोनी की सुविधाओं का अवलोकन कर यात्री एवं कर्मचारियों से जुड़ी सुविधाओं का आकलन किया गया। उंझा–कामली के बीच RUB नं. 932A एवं ब्रिज संख्या 927D के स्पान का भी निरीक्षण किया गया।
मीडिया से संवाद करते हुए महाप्रबंधक श्री विवेक कुमार गुप्ता ने बताया कि इस प्रकार के निरीक्षणों के माध्यम से रेलवे ट्रैक, लेवल क्रॉसिंग, पुलों, पॉइंट्स एवं क्रॉसिंग तथा कर्व्स का विभिन्न संरक्षा मानकों के अनुरूप वार्षिक परीक्षण किया जाता है, जिससे सुरक्षित एवं सुचारू रेल परिचालन सुनिश्चित हो सके।
उन्होंने बताया कि आंबलियासन–विजापुर तथा आदरज मोटी–विजापुर के बीच गेज परिवर्तन का कार्य पूर्ण हो चुका है एवं इस सेक्शन का CRS निरीक्षण भी संपन्न हो गया है। रिपोर्ट प्राप्त होने के उपरांत इस मार्ग पर नई रेल सेवाओं का परिचालन प्रारंभ किया जा सकेगा।
महेसाणा–पालनपुर सेक्शन में रेलवे लाइन के डबलिंग कार्य के पूर्ण होने से ट्रेन परिचालन क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत भारतीय रेलवे के कुल 1337 स्टेशनों का पुनर्विकास किया जा रहा है, जिनमें पश्चिम रेलवे के 108 स्टेशन शामिल हैं।
अहमदाबाद एवं साबरमती स्टेशनों पर पुनर्विकास कार्यों के अंतर्गत अहमदाबाद स्टेशन के प्लेटफॉर्म संख्या 9 से 12 तथा साबरमती स्टेशन के प्लेटफॉर्म संख्या 2 एवं 3 पर कार्य प्रगति पर है, जो मार्च–अप्रैल 2026 तक पूर्ण होने की संभावना है। इसके पश्चात दोनों स्टेशनों पर अधिक ट्रेनों का ठहराव संभव होगा, जिससे नई ट्रेनों के संचालन का मार्ग प्रशस्त होगा।
यात्रियों की बढ़ती मांग को ध्यान में रखते हुए, अगले 5 वर्षों में प्रमुख शहरों के लिए रेल गाड़ियों के संचालन की क्षमता को वर्तमान स्तर से लगभग दोगुना करने की योजना पर कार्य किया जा रहा है। वर्तमान में पश्चिम रेलवे से लगभग 256 ट्रेनें संचालित हो रही हैं, जो आगामी पाँच वर्षों में बढ़कर लगभग 450 हो जाएंगी।
इसके अतिरिक्त, रेलवे फाटक मुक्त अभियान के अंतर्गत लेवल क्रॉसिंग को समाप्त कर उनके स्थान पर आरयूबी/आरओबी का निर्माण किया जा रहा है। बेचराजी–रणुज रेलवे लाइन पर शीघ्र ही CRS निरीक्षण किया जाएगा, जिसके उपरांत इस सेक्शन पर भी रेल परिचालन प्रारंभ किया जा सकेगा।
महाप्रबंधक ने सिद्धपुर में नवनिर्मित गुड्स शेड प्रशासनिक कार्यालय उद्घाटन किया। सिद्धपुर में नवनिर्मित जी+1 गुड्स शेड क्षेत्र में माल परिवहन संभाल क्षमता को सुदृढ़ करने तथा परिचालन दक्षता में सुधार की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। यह आधुनिक गुड्स शेड परिचालन आवश्यकताओं एवं हितधारकों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए सुव्यवस्थित रूप से डिज़ाइन किया गया है। इस सुविधा में सीजीएस कक्ष, एफओआईएस कक्ष, व्यापारियों के लिए कक्ष तथा कैंटीन शामिल हैं, जिससे माल परिचालन का सुचारु समन्वय सुनिश्चित होगा और उपयोगकर्ताओं एवं कर्मचारियों के लिए बेहतर सुविधाएँ उपलब्ध होगी। इसके अतिरिक्त, सुविधा और स्वच्छता मानकों को बेहतर बनाने हेतु पर्याप्त शौचालय सुविधाएँ भी प्रदान की गई हैं।
साथ ही सिद्धपुर में नवनिर्मित रेलवे स्टाफ क्वार्टर्स का रेल कर्मचारी की बालिका से उदघाटन करवाया गया गया। रेलकर्मी श्री पींटू भारती, श्री मुन्नाराम और श्री रामभरण को क्वार्टर्स की चाबियाँ सौंपी गईं।
सिद्धपुर–पालनपुर सेक्शन में 130 किमी प्रति घंटे की गति से स्पीड ट्रायल भी किया गया। पालनपुर स्टेशन पर अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत चल रहे पुनर्विकास कार्यों का गहन निरीक्षण किया गया। इसके अतिरिक्त पालनपुर स्टेशन पर SPART तथा न्यू पालनपुर में रनिंग रूम का भी निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के दौरान साबरमती स्टेशन पर पुनर्विकसित कार्यों का अवलोकन किया गया तथा लोकोमोटिव शेड साबरमती टीम द्वारा निर्मित वैक्यूम असिस्टेड ट्रैक क्लीनर (VAT क्लीनर) मशीन का परीक्षण भी किया गया।
अपने निरीक्षण कार्यक्रम के दौरान श्री गुप्ता ने रेलवे सलाहकार समिति के सदस्यों, मान्यता प्राप्त ट्रेड यूनियनों, एसोसिएशनों, जन प्रतिनिधियों, प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया तथा गणमान्य नागरिकों से भी भेंट कर संवाद किया।
इस अवसर पर मुख्यालय से आए विभिन्न विभागों के प्रधान विभागाध्यक्षों सहित मंडल रेल प्रबंधक अहमदाबाद, श्री वेद प्रकाश एवं अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।




